रिपोर्ट - धीरेन्द्र सिंह
नवाबगंज थाना क्षेत्र के बाईपास रोड पर समलैंगिक विवाह के बाद अपनी महिला साथी को वापस बुलाने आई एक युवती का स्थानीय परिजनों के साथ गंभीर विवाद हो गया। देखते ही देखते विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और दोनों पक्षों के बीच जमकर लाठी-डंडे चले। इस मारपीट में दिल्ली से आई युवती और स्थानीय युवती के पिता का सिर फट गया, जबकि दिल्ली की युवती के साथ आए अन्य साथियों की भी पिटाई की गई। दोनों घायल लहूलुहान हालत में थाने पहुंचे।
शादी के बाद मां बहाने से ले आई थी घर
जानकारी के अनुसार, नवाबगंज थाना क्षेत्र के बाईपास रोड निवासी एक युवती का जनपद लखीमपुर (हाल निवासी सदर बाजार, दिल्ली) की एक युवती से समलैंगिक प्रेम विवाह हुआ था। शादी के बाद दोनों काफी समय तक दिल्ली में एक साथ रह रही थीं। कुछ समय पहले स्थानीय युवती की मां किसी बहाने से उसे दिल्ली से वापस अपने घर नवाबगंज ले आई। अपनी साथी को वापस ले जाने के लिए दिल्ली की युवती करीब 20 दिन पहले नवाबगंज थाने भी पहुंची थी और परिजनों पर अपनी साथी को बंधक बनाने का आरोप लगाया था, लेकिन पुलिस ने मामले में हस्तक्षेप नहीं किया।
घर पहुंचते ही बढ़ा विवाद, जमकर हुई मारपीट
रविवार सुबह दिल्ली निवासी युवती अपने कुछ साथियों के साथ अचानक बाईपास रोड स्थित अपनी महिला साथी के घर धमक पड़ी। उसे देखते ही स्थानीय युवती की मां का पारा चढ़ गया और दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। मामला बढ़ने पर लाठी-डंडे निकल आए और दोनों ओर से जमकर मारपीट हुई। इस संघर्ष में दिल्ली की युवती और स्थानीय युवती के पिता गंभीर रूप से घायल हो गए।
पुलिस जांच और पूर्व का मामला
इस पूरे मामले पर प्रभारी निरीक्षक राजीव कुमार ने बताया कि दोनों घायल पक्ष थाने आए थे, लेकिन अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से पुलिस को कोई लिखित तहरीर (शिकायत) नहीं दी गई है। तहरीर मिलने पर ही आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने यह भी बताया कि पूर्व में स्थानीय युवती की मां ने अपनी बेटी की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जिसे पुलिस ने दोनों युवतियों के विवाह का प्रमाणपत्र देखने के बाद फाइनल रिपोर्ट लगाकर बंद कर दिया था।
